कवर्धा: हिंदू आस्था पर बयान को लेकर मचा बवाल, जिला पंचायत उपाध्यक्ष कैलाश चन्द्रवंशी ने कांग्रेस नेता कामू बैगा को घेरा

कवर्धा। बीते दिनों जिला मुख्यालय कवर्धा में अपनी विभिन्न मांगों को लेकर जिला गोड़वाना पार्टी एवं भीम आर्मी द्वारा संयुक्त रूप से किए गए जिला कार्यालय घेराव एवं पुतला दहन कार्यक्रम के दौरान दिए गए एक बयान ने अब राजनीतिक सरगर्मी बढ़ा दी है। कांग्रेस के जिला पंचायत सदस्य प्रत्याशी रहे कामू बैगा द्वारा इस दौरान दिए गए विवादित बयान की जिला पंचायत उपाध्यक्ष कैलाश चन्द्रवंशी ने तीखी आलोचना करते हुए करारा जवाब दिया है। श्री चन्द्रवंशी ने जारी बयान में कहा कि कांग्रेस नेता कामू बैगा का यह कहना कि पंडरिया के प्राचीन शिव मंदिर कामठी के बाद डोंगरगढ़ की मां बमलेश्वरी मंदिर, रतनपुर महामाया मंदिर और कवर्धा के भोरमदेव मंदिर पर कब्जा किया जाएगा, अत्यंत निंदनीय और समाज को भड़काने वाला है। उन्होंने कहा कि हिंदू समाज की आस्था के प्रतीक स्थलों को लेकर इस प्रकार की भाषा किसी भी दृष्टि से उचित नहीं कही जा सकती। जिला पंचायत उपाध्यक्ष ने मंच में मौजूद गोड़वाना गणतंत्र पार्टी के नेताओं पर भी निशाना साधते हुए कहा कि जो लोग असुर महिषासुर को अपना वंशज मानते हैं, उसकी पूजा करते हैं, रावण की शोभायात्रा निकालते हैं और विजयादशमी पर रावण वध का विरोध करते हैं, वही अब हिंदुओं के आराध्य स्थलों पर कब्जे की बात कर रहे हैं, जो चिंता का विषय है। श्री चन्द्रवंशी ने कहा कि भारत भूमि चाहे औपचारिक रूप से हिंदू राष्ट्र घोषित हो या नहीं, यह देश सनातन परंपराओं पर आधारित है और सदैव हिंदू राष्ट्र रहेगा। उन्होंने कांग्रेस नेता के बयान को हिंदू विरोधी बताते हुए कहा कि इस तरह के वक्तव्य सामाजिक सौहार्द को तोडऩे वाले हैं और कांग्रेस को इस पर स्पष्ट रुख अपनाना चाहिए। उन्होंने सवाल उठाया कि आखिर ये लोग केवल सनातनियों के आस्था केन्द्रों को ही क्यों निशाना बना रहे हैं? क्या उन्होंने कभी किसी मस्जिद या चर्च पर दावा किया है? श्री चन्द्रवंशी ने कहा कि हिंदू समाज शांतिप्रिय है, लेकिन उसकी सहनशीलता को कमजोरी न समझा जाए। उन्होंने कहा कि ऐसे बयानों से समाज में विभाजन और अविश्वास का वातावरण बनता है, जिसे किसी भी सूरत में स्वीकार नहीं किया जा सकता। इस बयान के बाद से जिले की राजनीति में हलचल मच गई है और विभिन्न संगठनों ने भी कांग्रेस नेता के बयान की निंदा करते हुए कार्रवाई की मांग की है।
कांग्रेस पार्टी के नेताओं का चरित्र हमेशा से हिंदू विरोधी रहा है: कैलाश चन्द्रवंशी




